शहरी मजदूर

छठ पूजा की छुट्टी पर आया शहरी मजदूर , सुनाता है किस्से महानगरों के -- ऊँची अट्टालिकाओं में रहने वाले बौने समाज के बारे में ; देसी ब्रीड की बिल्लियों की कृशता अंग्रेजी बिल्लियों के मुकाबले ; बातों से ही दर्शनार्थ करवा देता है ..'बच्चन' का बंगला , कनॉट प्लेस वैगैरा ; नहीं बताता रंग-बिरंगे [...]

मेरी बेटी

ये कविता मेरे R K करनानी dada   के लिए  उनकेे जन्मदिन पर ❤😃😍 ....उनकी एक बेहतरीन कविता कठपुतली पढ़ कर लिखी थी...❤😃✨     मेरी बच्ची , मै तुम्हे सदैव परियों की ही कहानियां सुनाना चाहता था ; कहानियां जिसमे तू हर बारी राजकुमारी बने , राजकुमार संग प्रीत रहे , महलों में तेरी हँसी गूंजे , [...]

अमर्ष

अमर्ष माने होता है क्रोध ....क्रोध जब अन्याय हो ...just saw Horrific visuals from palghar of mob brutally...shame मुझे ज्ञात हो गया था अग्रे , अब चालू होगा टीमटाम !! . टेलीविज़न वाले अपने दर्शक कोशबद्ध करेगें ; हम कवी शब्दो से इक्का दुक्का की खोपड़ी धर लेंगे ; नेता-वेता वर्गीकरण का दहला मारेंगे , [...]

मौन

Unless you're lying to yourself, you can tell by a single glance into her/his eyes whether she/he loves you truly or not....😃❤ मेरी प्रिय , मुझे नहीं पता , मुझे तुमसे क्या चाहिए !! पर मैं उस पथ पर कभी नहीं चल पाऊँगा , जहाँ मौन रहकर तुम्हें पीड़ा में देख सकूँ ; तुम्हारे दुख [...]

कुछ फेमस व्यंग’s

Lock down में जाना व्यंग ताक़तवरों के ख़िलाफ़ कमजोर लोगों का हथियार है।”❤😃✨ 1: चाहे कोई दार्शनिक बने साधु बने या मौलाना बने, अगर वो लोगों को अंधेरे का डर दिखाता है, तो ज़रूर वो अपनी कंपनी का टॉर्च बेचना चाहता है। - हरिशंकर परसाई 2: भारत इकलौता ऐसा देश है जहाँ लड़के पहले इंजीनियर [...]

अनपढ़ प्रेमी

मेरी परदादी के दाहिने हाथ में एक tatoo था परदादा के नाम का ...वे पढ़ी लिखी नहीं थी पर मुझे याद बचपन में पूछने पर बताती थी ये बाबा का नाम है ❤😃✨  प्रेम में , अनपढ़ भी गुदवा लेते है ; अपने प्रेमी-प्रेमिका का नाम , दाहिनें हाथ या बाजूं पीठ पर ; और [...]

हारमोनियम

Lockdown में हारमोनियम पर धावा बोला गया है...बजाना आता तो नहीं था पहले ...पर पहले तो कुछ भी नहीं आता था..परसाई जी कहते है "बसंत आता नहीं ...लाया जाता हैं" ❤✨😃 सात स्वरों का मैं हूँ राजा , नाम मेरा हारमोनियम उर्फ़ बाजा ; संगीतकार को रियाज़ करवाऊँ, नए गीत की धुन मैं रचवाऊँ ; [...]

ख़ाली बैठें क्या करे ??

गालियाँ दे-दे कर मक्खियाँ उड़ाए , आँगन के कौओ को भाषण पिलाए , कुत्ते के पिल्ले से हाल-चाल पूछें , चित्रों में लड़कियों के बनाये मूँछें , ख़ाली समय में भी बहुत से काम है , क़िस्मत में भला कहाँ लिखा आराम है !! - सर्वेश्वरदयाल सक्सेना  घर पर रहकर ही बच सकते बाकी superpower [...]

जीत का स्वाद

रामायण देख रहे न 😃 देखिये श्री राम चाहते तो एक बाण से समुद्र सूखा देते ...पर उन्होंने ऐसा न कर 400 योजन का सेतु बनाया ...शॉर्टकट से वो मज़ा और वह feelings कहा आती...✨ धन , छल और झूठे स्वांग के बल पर पाई हुई सिद्धि , दान में प्राप्त भूमि सरीखी होती है [...]

प्रतीक्षा

क़ाश ये पल जल्द गुज़रे , छटे चांदनी रात , सूर्य पुनः निकले ; एक-एक क्षण अब अर्सो-सा लगता , चंद महीनों का साथ जन्मों-का लगता ; . कर हिम्मत कह डाला - हैं प्रेम तुझसे , शरमा गई , बोली 'कल' बतलाती तुम्हें ; उसका 'कल' मुझे आज से ही व्यग्र रखता हैं , [...]

आँकड़े

आँकड़े बोलतें हैं , गर्जना करते !! प्रति हज़ार नर में कितनी बच पाई मादाएं ?? प्रति हेक्टयर फ़सल में कितने कृषक अजीवित पाएं ?? प्रति दिन कितनी सीतायें अपहृत ?? कितने घर होते बियावान* ?? प्रति पल कितने स्वप्न चूर ?? कितने रह गए मानव उचाट ?? . ज्यों-ज्यों आँकड़े बढ़ते है उर उग्र हो [...]

भावुक़

Lockdown में रामायण देखा जा रहा 😃 कैसे पत्नीवियोग में श्री राम के ह्रदय की पीड़ा.... उनकी भावुकता और कैसे घास के तिनके को अस्त्र बना लंकेश्वर को चुनौती देती अपहरित माँ सीते ...मज़बूत अडिग...सीता राम का अमर प्रेम बहुत कुछ कहता ... क्यों😍😘कविता-- कहने को पुरुष मजबूत , स्त्रियाँ भावुक थोड़ी नाज़ुक होती ; [...]