Eternity With You (English/हिंदी)

You came into my life like a spring season , And filled my heart with joy and jouissance . You took my pangs as if it was yours , And gave me love that no one could . You were my strength when I felt despondent , With your smile, you made my living on [...]

Advertisements

मैंने देखा हैं !!

मैैंने देेखा हैैं..पाई-पाईं जोड़ कर गृहस्थी सवाँरती गृहणियों को , और देखा है..अपने सपने भूल परिवार का भरण-पोषण करती युवतियों को !! मैंने देखा है..प्रसव पीड़ा से कराहतीं महिलाओं को , और देखा है..अपने पति की कुशलता के लिए व्रत करती औरतों को !! मैंने देखा है..दिहाड़ी मजदूरों को अपने नवजात शिशुओं को स्तनपान कराते [...]

गिरने के फायदें !!

गिरने के बड़े फायदे है .. थोड़ी चोट आई , थोड़ी मोच आई , थोड़ी धूल लग गई , थोड़ी बुद्धि खुल गई , क्यों गिरे ? कैसे गिरे ? इसकी अनुभूति हुई ! अब ना गिरेंगे , सजग रहेंगे की प्रवित्ती बनी !! . हाँ मिलते हैं... और मिलते रहेंगे , पथ कुश-कंटकों से [...]

गांव की याद !!

मंदिर में रखी खड़ाऊ , बाबा के मन में राम नाम , आँगन में तुलसी का पौधा , सूरज की गिरती लाल किरण !! धान रोपते खेतिहर , आम से लटकती बौरें , पेड़ के नीचे बैठी चौपाल , गाय बकरियाँ चराते गोपाल , रेडियो में सुनते आकाशवाणी , कुँवें से खिंचता पीने का पानी !! . [...]

लाहासिल इश्क़ (हास्य)

लाहासिल इश्क़ बड़ा ही क्रांतिकारी होता है , एकदम बवाल !! जिस भी क्षेत्र में घुसता है बिल्कुल चोटी का काम करता है... ऐसा इश्क़ में असफल व्यक्ति जब साहित्य में घुसता है तो-- उच्च श्रेणी की काव्य-रचना करता है , सिविल परीक्षा में बैठता है तो सीधा कलेक्टर और कही गलती से लैब - [...]

शब्दों का खेल !!

मेरा मानना है - " शब्दों के आविष्कार के उपरान्त ही मनुष्य झूठा हो गया था  " , क्योकि आदमी /humans ही एक मात्र ऐसे जनावर है- जो शब्द बोल पाते , लिख पाते और उसे समझ पाते.......बाकी कोई जानवर कभी देखे हो ?? Calculas सॉल्व करते हुए ? अपनी प्रेमिका के लिए  lub लेटर लिखते [...]

‘बसंत’ आया क्या ??

परसाई जी कहते है --  ' बसंत आता नहीं , लाया जाता है   ' हमारा-आपका जीवन भी तो बिलकुल मौसम की भांति है -- कभी जिंदगी में बसंती हवाएं चलती है , तो कभी पतझड़ की बेला आती , कभी जिंदगी सावन के झूलो से सरपट हो जाती तो कभी जिंदगी बिलकुल बर्फ सी शांत,सफ़ेद चादर [...]